चाय बेचने वाले की बेटी अब उड़ाएगी फाइटर प्लेन

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फाइटर प्लेन

फाइटर प्लेन- बिना पंख के कैसे आसमान में उड़ान भरी जाती है ये बताया भारत की एक बेटी ने. उसने अपने हौसले से उड़ान भरी है. एक चाय बेचने वाली की बेटी कभी आसमान में उड़ान भर सकेगी ये शायद ही कभी किसी ने सोचा हो, लेकिन इस बेटी ने ये कर दिखाया. शायद इसी को कहते हैं हौसले की उड़ान.

फाइटर प्लेन

खुद पर भरोसा हो और कड़ी मेहनत साथ हो तो जीवन में कुछ भी मुश्किल नहीं है. अक्सर लोगों के बारे में आपने कहानी पढ़ी होगी. किसी बड़े और सफल आदमी की कहानी पढना हम सभी को अच्छा लगता है लेकिन जब ऐसा कोई उदाहरण हमारे आँखों के सामने होता है तो सच में आँखों पर विश्वास नहीं होता. साधारण प्लेन उड़ाने वाली महिलाएं बहुत हैं, लेकिन फाइटर प्लेन उड़ाने वाली बहुत कम. हमारे यहाँ अभी कुछ सालों से लड़कियों को फाइटर प्लेन उड़ाने की इजाज़त मिली है. ऐसे में देश की बेटियां बहुत अच्छा कर रही हैं.

एक ऐसी ही होनहार बेटी ने कारनामा कर दिखाया. आज उसकी चर्चा उसके शहर में ही नहीं बल्कि पूरे देश में हो रही है. मध्य प्रदेश में एक चाय बेचने वाले की बेटी अब भारतीय वायुसेना के फाइटर प्लेन उड़ाएंगी. नीमच जिले में चाय बेचने वाले की बेटी आंचल गंगवाल का भारतीय वायुसेना के फ्लाइंग ब्रांच में चयन हुआ है, जिसके बाद आंचल फाइटर प्लेन उड़ाएगी. आंचल के पिता सुरेश गंगवाल नीमच बस स्टैंड के पास चाय की दुकान चलाते हैं. उन्होंने कहा कि अब इस इलाके के सभी मेरे ‘नामदेव टी स्टॉल’ के बारे में जानने लगे हैं और मुझे काफी खुशी होती है जब लोग आते हैं और मुझे बधाई देते हैं. आँचल के पिता ने भले ही चाय बेचकर अपनी बेटी को पढ़ाया लेकिन कभी वो उसके सपने में बाधा नहीं बने. कभी भी वो अपनी बेटी को गरीबी का रोना नहीं रोने दिए. बड़े ही हिम्मत से उन्होंने अपनी बेटी का साथ दिया और आज उनकी बेटी देश का नाम रोशन कर गई.

अगर ऐसे ही हर बाप अपनी बेटी को आगे पढ़ाता रहा तो निश्चित तौर पर लड़कियां कभी बोझ नहीं बनेंगी. एक कोशिश करके तो देखों यारों आपकी बेटियां भी इस धरती को उस आसमान से मिला सकती हैं. जिस तरह से अपने बेटों के लिए आप कड़ी मेहनत करते हैं उसी तरह से बस कुछ कदम अपनी बेटियों के लिए बढ़ाकर तो देखें, वो आपको कभी निराश नहीं करेंगी.